Select Language : Marathi , English , Kannada  
Advanced Search


Get latest articles from this category as an RSS Feed

गुरु-शिष्यकी कथाएं !




Page 1 of 1
Article Image रामकृष्ण परमहंस एवं स्वामी विवेकानंद
स्वामी विवेकानंदजीने देवी जगदंबामाताके पास केवल ‘ज्ञान, भक्ति एवं वैराग्य' की मांग की थी । यह क्यूं किया, इसका स्पष्टीकरण देते हुए स्वामी विवेकानंदजी कहते हैं,

Article Image शिष्यकी परीक्षा
रामानुजाचार्य शठकोपस्वामीजीके शिष्य थे । स्वामीजीने रामानुजजीको ईश्वरप्राप्तिका रहस्य बताया था । परंतु उसे किसीको न बतानेका निर्देश दिया था; किंतु रामानुजजीने अपने गुरुकी इस आज्ञाको नहीं माना..

Article Image शिवाजी महाराजकी गुरुभेंट
समर्थ रामदास स्वामीजीकी ख्याति सुननेपर छ.शिवाजी महाराजको उनके दर्शनकी लालसा निर्माण हुई । उनसे मिलनेके लिए वे कोंढवळको गए । वहां भेट होगी इस आशासे सायंकालतक रुके, तब भी महाराजकी स्वामीजीसे भेंट नहीं हुई ।

Article Image ब्राह्मणकी दरिद्रता गुरुकृपासे गई !
बालमित्रो, अक्कलकोटके स्वामी समर्थजी भगवान दत्तात्रेयके तीसरे अवतार हैं । उन्होंने अनेक भक्तोंपर कृपा की है ।

Article Image श्रीगुरुकी आज्ञापालनहेतु स्वयंको
झोंक देनेवाला शिष्य आरुणी !

प्राचीन समयमें धौम्य नामक मुनिका एक आश्रम था । उस आश्रममें उनके अनेक शिष्य विद्याभ्यासके लिए रहते थे । उनमें आरुणी नामक एक शिष्य था । एक समय धुंआधार वर्षा होने लगी ।

Page 1 of 1



Sort Articles
Sort By In
Itihas
Vadhdivas
Participate

 
Google Groups
Subscribe to Baalsanskar
Email:
Visit this group